चतरा: सड़क सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराने के लिए चतरा जिला परिवहन विभाग ने कोल परिवहन में लगे वाहनों के खिलाफ विशेष जांच अभियान चलाया। सोमवार को टंडवा-पिपरवार मार्ग स्थित पांडेय मोड़ के पास आयोजित इस अभियान में निर्धारित मानकों का उल्लंघन करने वाले 16 कोल वाहनों पर कुल 59,500 रुपये का जुर्माना लगाया गया। कार्रवाई के बाद कोयला परिवहन से जुड़े वाहन संचालकों और ट्रांसपोर्टरों में हलचल देखी गई, जबकि स्थानीय लोगों ने इस अभियान का स्वागत किया।
पांडेय मोड़ पर चला विशेष वाहन जांच अभियान
जिला परिवहन पदाधिकारी महेश्वरी प्रसाद यादव के नेतृत्व में चलाए गए इस अभियान के दौरान कोल परिवहन में लगे वाहनों की गहन जांच की गई। अधिकारियों ने विशेष रूप से वाहनों में लगाए गए एसएलडी (Speed Limit Device) और स्पीड गवर्नर की जांच की। जिन वाहनों में निर्धारित मानकों के अनुरूप स्पीड कंट्रोल सिस्टम नहीं पाया गया, उन पर नियमानुसार जुर्माना लगाया गया।
16 वाहनों पर लगा कुल 59,500 रुपये का जुर्माना
जांच के दौरान कुल 16 कोल वाहन नियमों का उल्लंघन करते पाए गए। परिवहन विभाग ने इन सभी वाहनों पर मिलाकर 59,500 रुपये का जुर्माना लगाया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सड़क सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के खिलाफ आगे भी इसी तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।
वाहन मालिकों ने किया विरोध, अधिकारियों ने समझाए नियम
कार्रवाई के दौरान लगभग 40 वाहन मालिक मौके पर पहुंचे और लगाए जा रहे जुर्माने पर आपत्ति जताई। इस पर जिला परिवहन पदाधिकारी ने उन्हें जिला सड़क सुरक्षा समिति के निर्देशों की जानकारी देते हुए बताया कि कोल एवं फ्लाई ऐश परिवहन में लगे सभी वाहनों की अधिकतम गति सीमा 40 किलोमीटर प्रति घंटा निर्धारित की गई है। साथ ही सभी संबंधित वाहनों में एसएलडी (स्पीड लिमिट डिवाइस) और स्पीड गवर्नर लगाना अनिवार्य है।
उन्होंने वाहन मालिकों को निर्देश दिया कि वे बिना देरी किए अपने वाहनों में निर्धारित मानकों के अनुसार स्पीड गवर्नर लगवाएं, अन्यथा भविष्य में और भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
ट्रांसपोर्टरों में बढ़ी हलचल, स्थानीय लोगों ने की सराहना
कोल वाहनों पर लगातार हो रही सख्त कार्रवाई के कारण ट्रांसपोर्टरों में हड़कंप का माहौल है। वहीं दूसरी ओर स्थानीय लोगों का कहना है कि तेज रफ्तार कोल वाहनों के कारण सड़क दुर्घटनाओं का खतरा लगातार बना रहता है। ऐसे में सड़क सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए परिवहन विभाग द्वारा चलाया जा रहा यह अभियान आम लोगों के हित में है और इससे दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।
