रियाद एयरपोर्ट पर मिसाइल हमले से मची तबाही, भारतीय समेत 13 की मौत; 300 से अधिक घायल, ओवैसी ने विदेश मंत्री से मांगी मदद

सऊदी अरब की राजधानी रियाद के किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुए कथित मिसाइल हमले के बाद पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ने की खबर है। रिपोर्ट के मुताबिक, हमले में एक भारतीय नागरिक समेत 13 लोगों की मौत हुई और 300 से अधिक लोग घायल हुए। मृतक भारतीय की पहचान हैदराबाद के मोहम्मद यूसुफ अली के रूप में बताई गई है। उनके परिवार के तीन अन्य सदस्य भी घायल हुए हैं। घटना के बाद कई देशों ने हमले की निंदा की है, जबकि उड़ानों पर असर और हवाई अड्डों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।

रियाद एयरपोर्ट पर मिसाइल हमले में 13 लोगों की मौत, 300 से ज्यादा घायल होने का दावा

सऊदी अरब की राजधानी रियाद स्थित किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर शनिवार को हुए मिसाइल हमले ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ा दी। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, यमन के हूती विद्रोहियों पर इस हमले का आरोप लगाया गया है। घटना में एक भारतीय नागरिक सहित कुल 13 लोगों की मौत होने और 300 से अधिक लोगों के घायल होने की खबर है। इसे पिछले दस वर्षों के सबसे बड़े हमलों में से एक बताया जा रहा है।

सऊदी अरब के नागरिक उड्डयन प्राधिकरण (सीएसीए) के अनुसार, हवाई अड्डे के टर्मिनल-3 और टर्मिनल-4 पर मिसाइलें गिरीं। रिपोर्ट में मृतकों में एक भारतीय, चार सऊदी नागरिक, दो बांग्लादेशी नागरिक और अमेरिका, मिस्र, जॉर्डन, सीरिया, फलस्तीन तथा सूडान के एक-एक नागरिक के शामिल होने की जानकारी दी गई है। घायलों में कई लोगों की हालत गंभीर बताई गई है और उनका अलग-अलग अस्पतालों में इलाज चल रहा है।

रियाद में भारतीय नागरिक की मौत, दूतावास ने जताया दुख

रियाद स्थित भारतीय दूतावास ने हमले में घायल भारतीय नागरिक की मौत की पुष्टि करते हुए शोक व्यक्त किया। दूतावास के मुताबिक, पीड़ित की मृत्यु की जानकारी मिलने के बाद उनके परिवार के प्रति संवेदना जताई गई है। साथ ही, परिवार से संपर्क बनाए रखने और मृतक के पार्थिव शरीर को जल्द भारत वापस लाने के लिए हर संभव सहायता उपलब्ध कराने की बात कही गई है।

इस घटना ने सऊदी अरब में रह रहे भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बढ़ा दी है। दूतावास की ओर से पीड़ित परिवार को सहायता देने का भरोसा ऐसे समय में दिया गया है, जब क्षेत्र में तनाव और संभावित हमलों को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है।

कई देशों ने हमले की निंदा की, अमेरिका सैन्य कार्रवाई में शामिल होने पर कर रहा विचार

रियाद एयरपोर्ट पर हुए हमले के बाद भारत समेत कई देशों ने इसकी निंदा की और सऊदी अरब के प्रति एकजुटता जाहिर की। विभिन्न देशों की ओर से हमलों पर तत्काल रोक लगाने की मांग भी की गई है।

इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप के हवाले से खबर है कि अमेरिका हूती विद्रोहियों के खिलाफ सऊदी अरब के सैन्य अभियान में शामिल होने के विकल्प पर विचार कर रहा है। यदि इस दिशा में कोई कदम उठाया जाता है, तो पश्चिम एशिया में पहले से जारी तनाव और बढ़ सकता है।

हूती विद्रोहियों ने सऊदी हवाई अड्डों को लेकर दी चेतावनी

रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, हूती विद्रोहियों ने रविवार को एयरलाइंस, यात्रियों और हवाई अड्डों के कर्मचारियों को सऊदी अरब के हवाई अड्डों और हवाई क्षेत्र से दूर रहने की चेतावनी दी। हूती विद्रोहियों की ओर से जारी बयान में कहा गया कि मक्का और मदीना जैसे पवित्र शहरों के हवाई अड्डों को छोड़कर सऊदी अरब के अन्य हवाई अड्डे उनके निशाने पर हो सकते हैं।

हूती नियंत्रित अल मसीरा टेलीविजन पर प्रसारित बयान में सऊदी अरब को चेतावनी देते हुए कहा गया कि यदि उसने यमन में अपनी सैन्य कार्रवाई और हस्तक्षेप बंद नहीं किया, तो उसे गंभीर परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं। इस बयान के बाद सऊदी अरब में नागरिक उड्डयन और हवाई यात्रा की सुरक्षा को लेकर आशंकाएं बढ़ गई हैं।

रियाद एयरपोर्ट से 225 से ज्यादा उड़ानें रद्द, एयर इंडिया की सेवाएं भी प्रभावित

हमले के बाद हवाई यातायात पर भी बड़ा असर पड़ने की खबर है। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, पिछले 24 घंटों के दौरान रियाद स्थित किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से 225 से अधिक उड़ानें रद्द की गई हैं। एअर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस ने भी रियाद के लिए अपनी उड़ानें 14 और 15 अक्टूबर तक रद्द करने की जानकारी दी है।

सऊदी प्रशासन के अनुसार, दम्माम स्थित किंग फहद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पास भी एक मिसाइल गिरी। इसके अलावा कई ड्रोन को मार गिराए जाने की खबर है। सुरक्षा संबंधी चिंताओं के बीच किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को अस्थायी रूप से बंद किए जाने की भी सूचना सामने आई है।

उड़ानों के रद्द होने और हवाई अड्डों पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी किए जाने से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। ऐसे हालात में रियाद जाने या वहां से दूसरे देशों की यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए एयरलाइन की ओर से जारी ताजा सूचना की पुष्टि करना जरूरी है।

रियाद में होने वाले अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा सम्मेलन की सुरक्षा पर चिंता

रियाद में हुए हमले के बाद वहां प्रस्तावित अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा सम्मेलन की सुरक्षा को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। इस सम्मेलन में करीब 70 मंत्रियों, 300 कंपनियों के प्रतिनिधियों और 25 अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा संगठनों के शामिल होने की उम्मीद जताई गई है।

इतने बड़े अंतरराष्ट्रीय आयोजन के बीच हवाई अड्डे और आसपास के इलाकों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ना स्वाभाविक है। क्षेत्र में मिसाइल और ड्रोन हमलों की खबरों के बीच सम्मेलन में शामिल होने वाले प्रतिनिधियों, अधिकारियों और अन्य प्रतिभागियों की सुरक्षा महत्वपूर्ण मुद्दा बन गई है।

हैदराबाद के मोहम्मद यूसुफ अली की मौत, परिवार के तीन सदस्य घायल

रियाद एयरपोर्ट हमले में जान गंवाने वाले भारतीय नागरिक की पहचान हैदराबाद निवासी मोहम्मद यूसुफ अली के रूप में बताई गई है। एआईएमआईएम अध्यक्ष और हैदराबाद के सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने उनकी मौत पर दुख जताया। ओवैसी के मुताबिक, पीड़ित परिवार हैदराबाद के मेहदीपत्तनम इलाके का रहने वाला है और परिवार के तीन अन्य सदस्य भी हमले में घायल हुए हैं।

ओवैसी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी देते हुए बताया कि मोहम्मद यूसुफ अली की मौत हो गई है। उनके एक बेटे के घुटने की सर्जरी की जा रही है, जबकि दूसरा बेटा अस्पताल में भर्ती है। ओवैसी के अनुसार, घायल बेटे के पैर की तीन उंगलियां कट गई हैं।

इस घटना से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। एक ओर परिवार के मुखिया की मौत हुई, वहीं दूसरी ओर परिवार के सदस्यों को गंभीर चोटों के कारण अस्पताल में उपचार कराना पड़ रहा है।

ओवैसी ने विदेश मंत्री एस. जयशंकर से की पीड़ित परिवार की मदद की अपील

असदुद्दीन ओवैसी ने बताया कि वह रियाद में मोहम्मद यूसुफ अली के बहनोई के संपर्क में हैं। उन्होंने यह भी कहा कि रियाद स्थित भारतीय दूतावास के उप मिशन प्रमुख ने उन्हें भरोसा दिलाया है कि पीड़ितों की देखभाल की जा रही है।

हैदराबाद के सांसद ने भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर से अपील की कि प्रभावित परिवार को हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाए। इसमें घायलों के उपचार, परिवार को जरूरी सहयोग देने और मृतक के पार्थिव शरीर को भारत लाने की प्रक्रिया में मदद जैसे विषय शामिल हैं।

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच भारतीयों की सुरक्षा अहम मुद्दा

रियाद एयरपोर्ट पर हमले की खबर, उड़ानों के रद्द होने और हूती विद्रोहियों की चेतावनी ने पश्चिम एशिया में सुरक्षा की स्थिति को लेकर चिंता बढ़ा दी है। घटना में भारतीय नागरिक की मौत और उनके परिवार के सदस्यों के घायल होने से भारत में भी इस मामले पर ध्यान केंद्रित हुआ है।

फिलहाल यात्रियों की सुरक्षा, हवाई यातायात की बहाली और प्रभावित परिवार को सहायता उपलब्ध कराना प्रमुख प्राथमिकताएं हैं। क्षेत्र में संभावित आगे के घटनाक्रम को देखते हुए यात्रियों और सऊदी अरब में रह रहे भारतीय नागरिकों को संबंधित एयरलाइंस तथा भारतीय दूतावास की आधिकारिक सूचनाओं पर ध्यान देना चाहिए।

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