ई-रिक्शे से उतरकर जान बचाने की कोशिश करते रहे शिवकुमार, हाथ जोड़कर रहम की गुहार के बावजूद नहीं रुका हमला
गोरखपुर: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के सिकरीगंज थाना क्षेत्र में बिजली विभाग के ठेकेदार शिवकुमार त्रिपाठी की हत्या से जुड़ा एक भयावह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद वारदात की क्रूरता सामने आई है। वीडियो में एक किशोर तलवार लेकर शिवकुमार पर लगातार हमला करता दिखाई दे रहा है। घायल शिवकुमार खुद को बचाने के लिए आगे बढ़ते और हमलावर से रहम की गुहार लगाते नजर आते हैं, लेकिन हमला रुकता नहीं है। हालांकि, इस वायरल वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
जान बचाने के लिए भागे शिवकुमार, हमलावर ने किया पीछा
वायरल वीडियो में दिखाई दे रहा है कि शिवकुमार एक ई-रिक्शे से उतरकर जान बचाने के लिए भागने की कोशिश करते हैं। इसी दौरान तलवार लिए किशोर उनका पीछा करता है और उन पर हमला करता दिखाई देता है। वीडियो में हमले के दौरान शिवकुमार के हाथ, सिर और पेट पर वार किए जाने का दावा किया जा रहा है।
शिवकुमार बचने के लिए आगे बढ़ते हैं, लेकिन हमलावर उनका पीछा करता रहता है। मौके पर मौजूद एक व्यक्ति आरोपी किशोर को हमला रोकने और शिवकुमार को छोड़ने की गुहार लगाता सुनाई देता है। इसके बावजूद हमलावर रुकता नहीं दिखता।
सड़क पर गिरने के बाद भी जारी रहा हमला
घटना का सबसे भयावह हिस्सा उस समय सामने आता है जब शिवकुमार सड़क किनारे गिर जाते हैं। वीडियो में आरोपी किशोर उनके पास पहुंचकर दोबारा कई वार करता दिखाई देता है। घटनास्थल पर कुछ अन्य लोग भी मौजूद नजर आते हैं।
इनमें एक व्यक्ति घटना को मोबाइल फोन से रिकॉर्ड कर रहा था, जबकि दो अन्य लोग हमलावर को रोकने का प्रयास करते दिखाई देते हैं। इसी दौरान आरोपी किशोर वीडियो बना रहे व्यक्ति की तरफ भी तलवार तानता नजर आता है। वह व्यक्ति किसी तरह वहां से बच निकलता है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुए दो वीडियो
शिवकुमार त्रिपाठी हत्याकांड से जुड़े दो वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने की बात सामने आई है। इनमें से एक वीडियो को बड़ी संख्या में लोगों ने देखा और उस पर प्रतिक्रियाएं भी आईं। वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में घटना को लेकर भय और आक्रोश की स्थिति बताई जा रही है।
पुलिस की साइबर सेल ने सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहे वीडियो की निगरानी शुरू कर दी है। टीम अलग-अलग प्लेटफॉर्म पर मौजूद सामग्री को हटवाने और उसके प्रसार को रोकने की कोशिश कर रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि वीडियो सबसे पहले कहां से प्रसारित हुआ और इसे किन-किन प्लेटफॉर्म पर साझा किया गया।
सपा प्रतिनिधिमंडल ने परिजनों से की मुलाकात
वीडियो सामने आने के बाद राजनीतिक प्रतिक्रिया भी तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी का एक प्रतिनिधिमंडल मंगलवार को सिकरीगंज क्षेत्र के अहिरौली खुर्द गांव पहुंचा और मृतक ठेकेदार शिवकुमार त्रिपाठी के परिजनों से मुलाकात की।
सपा जिलाध्यक्ष ब्रजेश कुमार गौतम और चिल्लूपार के पूर्व विधायक विनय शंकर तिवारी ने परिवार के प्रति संवेदना जताई और हर संभव सहयोग का भरोसा दिया। सपा नेताओं ने घटना को बेहद दुखद बताते हुए आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की।
प्रतिनिधिमंडल ने जिला प्रशासन से पीड़ित परिवार को उचित आर्थिक सहायता, परिवार के किसी योग्य सदस्य को सरकारी नौकरी और सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग भी रखी। नेताओं का कहना है कि ऐसे मुश्किल समय में परिवार को न्याय के साथ भविष्य के लिए भी सरकारी सहयोग मिलना चाहिए।
सपा नेताओं ने वीडियो शेयर कर उठाए कानून-व्यवस्था पर सवाल
हत्याकांड का वीडियो सामने आने के बाद कुछ सपा नेताओं द्वारा भी इसे सोशल मीडिया पर साझा किए जाने की बात सामने आई है। नेताओं ने वीडियो के जरिए वारदात की गंभीरता सामने आने का दावा करते हुए प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं।
वीडियो के प्रसार के बाद सोशल मीडिया पर भी मामले को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। वहीं पुलिस की साइबर टीम वीडियो के प्रसार को रोकने के साथ-साथ उसके स्रोत और डिजिटल प्रसार की कड़ियों की जांच कर रही है।
पुलिस के सामने अब तलवार के स्रोत का सवाल
शिवकुमार त्रिपाठी हत्याकांड के मुख्य आरोपी राहुल चौधरी को मंगलवार सुबह न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस के मुताबिक, राहुल की गिरफ्तारी के बाद मामले में गिरफ्तार आरोपियों की संख्या आठ हो गई है।
अब जांच में वारदात में इस्तेमाल तलवार को लेकर भी महत्वपूर्ण सवाल उठ रहे हैं। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि तलवार कहां से खरीदी गई, उसे किसने उपलब्ध कराया और क्या हत्या से पहले हथियार जुटाने की कोई तैयारी की गई थी।
ब्रह्मभोज में बुलाने के बाद शुरू हुआ था विवाद
पुलिस के अनुसार, शनिवार शाम शिवकुमार को अहिरौली गांव में छेदी चौधरी के ब्रह्मभोज कार्यक्रम में शामिल होने के लिए बुलाया गया था। आरोप है कि वहां पुरानी रंजिश को लेकर राहुल चौधरी, विनोद, उसकी पत्नी राजकुमारी, छेदी के बेटे विंध्यनिवास चौधरी समेत अन्य लोगों ने शिवकुमार पर हमला कर दिया।
हमले में सिर पर गंभीर चोट लगने के बाद शिवकुमार अचेत हो गए। गांव के कुछ लोग उन्हें ऑटो से अस्पताल ले जाने की कोशिश कर रहे थे। आरोप है कि रास्ते में हमलावरों ने ऑटो को घेर लिया और शिवकुमार को वाहन से बाहर खींच लिया। इसके बाद तलवार और धारदार हथियारों से हमला किया गया, जिसमें उनकी मौत हो गई।
भाई की तहरीर पर दर्ज हुई अपहरण और हत्या की FIR
मृतक के भाई रामकुमार की तहरीर पर सिकरीगंज थाने में अपहरण कर हत्या करने की प्राथमिकी दर्ज की गई थी। पुलिस ने मामले में नामजद आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की और अब तक कुल आठ आरोपियों को गिरफ्तार किए जाने की जानकारी दी है।
पुलिस के मुताबिक, सात आरोपियों को पहले ही न्यायालय में पेश किया जा चुका था, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। मंगलवार को राहुल चौधरी के जेल जाने के बाद गिरफ्तार आरोपियों की संख्या आठ हो गई।
गांव में तनाव के चलते पुलिस और पीएसी तैनात
सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के बावजूद अहिरौली गांव में तनाव को देखते हुए पुलिस प्रशासन सतर्क है। एहतियात के तौर पर गांव में पुलिस और पीएसी के जवानों की तैनाती की गई है, ताकि किसी तरह की अप्रिय स्थिति पैदा न हो।
पुलिस ने बताया कि वर्ष 2024 में हुई आदेश चौधरी की हत्या से जुड़ी पुरानी रंजिश को इस हत्याकांड की पृष्ठभूमि से जोड़कर जांच की जा रही है। इसी रंजिश के चलते 8 अगस्त को सिकरीगंज थाना क्षेत्र में शिवकुमार त्रिपाठी की हत्या की घटना हुई।
आरोपियों पर NSA की कार्रवाई, थाना प्रभारी लाइन हाजिर
एसएसपी डॉ. कौस्तुभ के मुताबिक, मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए नामजद आरोपियों के साथ विवेचना के दौरान सामने आए अन्य आरोपियों को मिलाकर कुल आठ लोगों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम यानी NSA के तहत निरोधात्मक कार्रवाई भी की जा रही है।
हत्याकांड के बाद पुलिस की कार्यशैली पर उठ रहे सवालों के बीच सिकरीगंज थाना प्रभारी अंजुल चतुर्वेदी को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया गया है। पुलिस प्रशासन का कहना है कि मामले की जांच जारी है और घटना से जुड़े सभी पहलुओं को सामने लाने के लिए कार्रवाई की जा रही है।
