श्रीनगर/कुलगाम: जम्मू-कश्मीर के दक्षिण कश्मीर स्थित कुलगाम जिले में प्रवासी मजदूरों को निशाना बनाकर किए गए आतंकी हमले ने एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है। शुक्रवार शाम हुए इस हमले में ईंट-भट्ठे पर काम कर रहे छत्तीसगढ़ के दो प्रवासी मजदूरों को आतंकियों ने गोली मार दी। एक श्रमिक की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि गंभीर रूप से घायल दूसरे मजदूर ने शनिवार को श्रीनगर स्थित अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। इसके साथ ही इस हमले में मृतकों की संख्या बढ़कर दो हो गई है।
ईंट-भट्ठे पर काम कर रहे मजदूरों को बनाया गया निशाना
प्राप्त जानकारी के अनुसार, दक्षिण कश्मीर के कुलगाम जिले के केलम गांव में शुक्रवार शाम आतंकियों ने ईंट-भट्ठे पर कार्यरत दो प्रवासी मजदूरों पर अचानक गोलीबारी कर दी। हमले में दोनों मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए। एक श्रमिक की घटनास्थल पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरे घायल मजदूर को तत्काल इलाज के लिए श्रीनगर के एसकेआईएमएस (SKIMS) अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी भी मौत हो गई।
इलाके की घेराबंदी, सुरक्षा बलों का व्यापक तलाशी अभियान जारी
हमले की सूचना मिलते ही जम्मू-कश्मीर पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां मौके पर पहुंच गईं। पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी गई और आतंकियों की तलाश के लिए व्यापक सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। सुरक्षा एजेंसियां हमले में शामिल आतंकियों की पहचान और उनकी तलाश में लगातार अभियान चला रही हैं। घटना के बाद क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत किया गया है।
उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने की हमले की कड़ी निंदा
जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने कुलगाम में हुए आतंकी हमले की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि घटना के बाद उन्होंने पुलिस महानिदेशक (DGP) नलिन प्रभात और वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारियों से बातचीत कर पूरे मामले की जानकारी ली है। साथ ही सुरक्षा बलों को अभियान तेज करने और हमले के जिम्मेदार आतंकियों के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
सोशल मीडिया पर दी जानकारी, दोषियों पर सख्त कार्रवाई का भरोसा
उपराज्यपाल ने सोशल मीडिया मंच X पर जारी अपने संदेश में कहा कि कुलगाम में प्रवासी मजदूरों पर हुआ हमला बेहद निंदनीय और कायराना है। उन्होंने बताया कि सुरक्षा बलों को आतंकियों के खिलाफ अभियान तेज करने के निर्देश दिए गए हैं। उनके अनुसार जम्मू-कश्मीर पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे क्षेत्र को घेर लिया है और दोषियों को कानून के दायरे में लाने के लिए अभियान जारी है।
पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना, घायलों के लिए की प्रार्थना
मनोज सिन्हा ने मृतक मजदूरों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि जम्मू-कश्मीर प्रशासन और पूरा देश इस कठिन समय में प्रभावित परिवारों के साथ खड़ा है। उन्होंने घायल हुए लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना भी की। हालांकि बाद में अस्पताल में भर्ती दूसरे घायल मजदूर की भी मौत हो गई, जिससे इस आतंकी हमले में जान गंवाने वालों की संख्या दो हो गई।
प्रवासी मजदूरों की सुरक्षा को लेकर फिर उठे सवाल
कुलगाम में प्रवासी मजदूरों को निशाना बनाकर किए गए इस हमले के बाद एक बार फिर जम्मू-कश्मीर में काम करने वाले बाहरी राज्यों के श्रमिकों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं। सुरक्षा एजेंसियां मामले की गहन जांच कर रही हैं और हमले के पीछे शामिल आतंकियों तक जल्द पहुंचने का दावा कर रही हैं।
